हिन्दुस्तान
By Deepanshi Chandla
उस दिन हिन्दुस्तान भी बहुत रोया,
बँटवारे में अपनी पहचान को उसने खोया |
अंग्रेज़ों ने तब ऐसा जाल बिछाया,
हिन्दुस्तान को भारत - पाकिस्तान में बदलवाया |
नफरत का तब ऐसा सैलाब छाया,
भाई - भाई को लड़ता दुनिया ने पाया |
दोनों के अंदर छुपा बच्चा अब शांति चाहता,
पर अब आतंकवाद का आतंक बीच में आता |
हिन्दुस्तान भी अब है सोचता,
काश पुराना वक्त लौट कर आ पाता,
जब भारत - पाकिस्तान दुश्मन नहीं,
एक जान - एक हिन्दुस्तान कहलाता |
By Deepanshi Chandla

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