top of page

रब से फरियाद

Aug 31, 2024
1 min read

By Vipul Goyal


गर्मियों की खिलती धूप में मानो अंधेरा छा गया

मेरे वसंत जैसे जीवन में पतझड़ आ गया


हस्ता खेलता था वो दोस्त मेरा, गुनगुनाता मेरा प्यार था

पर बेरहम कुदरत को ये अस्वीकार था


दोस्त से बिछड़ना पड़ा जब ज़माना उसका खूनी हो गया

प्यार के जाने की कोई वजह न थी तो कैंसर उसका कारण बन गया


दिल और दिमाग के बीच ऐसी तकरार हो गई

पता न चला कब दोस्ती और प्यार में मेरी हार ही हुई


दोस्त था मेरा एक वो, ज़माने से उसकी फरियाद थी

शायद मुझपे विश्वास करना ही उसकी सबसे बड़ी हार थी


घरवालों से परेशान होकर बात मुझ ही से करता था

घर में उसकी दीवारों के सिवा उसका कोई साथी न था


दुनिया से लड़ते लड़ते खुद से जब वो हार गया

खुदकुशी उसको मैं नही मानता, समाज ने उसको मार दिया


रब ने मेरा दोस्त छीना, मुझे रब से फरियाद है,

मैं उसे बचा न सका, ये मेरी खुद से फरियाद है


प्यार की भी एक कहानी है, पर समय का अभाव है


प्यार भी हमे छोड़ गया, शायद कर्मो का प्रभाव है


प्यार था मेरा नाव जैसा, रिश्ता हमारा दरिया था

प्रेम उसमे भरपूर था, पर मिलने का न कोई जरिया था


न जाने कब दरिया में तूफान आ गया

हम दोनो के रिश्ते के बीच खुद भगवान आ गया

तेरह जून को जब खबर मिली, मेरा दिल रोता रह गया

दिमाग मेरा जागता रहा रातों में, दिल मेरा हमेशा के लिए से गया


बेशक हमारा प्यार आज भी आबाद है

पर वो शक्स मेरे पास नही ,जिसकी मुझे रब से फरियाद है


By Vipul Goyal

Recent Posts

See All
Moonlit

By Alia Gupta The moon shines bright. As the daughter of Hecate herself, dreams of her beloved She rustles his gentle hair His heartbeat...

 
 
 
The Escape

By Alia Gupta It's all a haze; she sits down with grace, The world quiets down, Muffled voices, blurry all around The rhythm of her heart...

 
 
 
The Definition

By Alia Gupta She was thirteen. She didn't know what love was. She had heard about it. Might have seen it. So, she searched for it. But a...

 
 
 

Comments

Rated 0 out of 5 stars.
No ratings yet

Add a rating
bottom of page