Safed Rang Tirange Ka
By Zainab Betmawala
सफेद रंग हूं तिरंगे का
यूं तो प्रतीक हूं मैं शांति का
व्यथा सुनाने आया हूं अपनी
बस थोड़ा सा समय चाहिए आपका
देखो!
तिरंगे में होते है तीन रंग
केसरिया, सफ़ेद और हरा
केसरिया ले लिया एक धर्म ने
और एक ने ले लिया हरा
मुझे किसी ने नहीं चुना
मैं बीच में मुंह देखता रह गया
ये तो नाइंसाफी है न?
जिसको जितना चाहिए
उतना मुझे इस्तेमाल करते
कभी शोक में तो कभी
होली मैं पहन इठलाते
कभी हर घर केसरिया हो जाते
तो कभी हरे हो जाते
अपना नंबर भी आयेगा
ये सोचकर हम भी मन ही मन फूल जाते
चलो छोड़ो ,जाने दो
केसरिया और हरे की तरह
मैं भी तिरंगे का एक रंग हूं
पूरे साहस,बलिदान, खुशहाली,प्रगति
और शांति,सद्भावना के साथ
मैं भी तिरंगे का एक अभिन्न अंग हुं
पर याद रखना
बात जब देश की आए
तुम्हे अपना केसरिया और
तुम्हे अपना हरा रंग साथ लाना होगा
और अपने तिरंगे की खातिर
हम सबको साथ में आना होगा
By Zainab Betmawala

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