शैदाई
Updated: Jun 10, 2023
By Nikhil Tandon
"मैं इनकार करती रही,
वो इज़हार करता रहा
मैं शिकवा करती रही,
वो शरारत करता रहा
मैं उसको रुसवा करती रही,
वो मुझसे उल्फ़त करता रहा
मैं हर बार उससे रूठती रही,
वो हर बार मुझे मनाता रहा
मैं उससे दूरियाँ बढ़ाती रही,
वो मेरे और क़रीब आता रहा
मैं अपनी हर बात से मुकरती रही,
वो अपना हर वायदा निभाता रहा
न जाने ये इश्क़ था या उसका पागलपन,
मैं उसे नज़र अंदाज़ करती रही
और वो
अपनी हर दुआ में मुझे शामिल करता रहा"
By Nikhil Tandon

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