रोने देना औरों को
Updated: Dec 3, 2022
By Sejal Parsana
रोने देना औरों को, तुम छाव बनना किसकी,
जानती हूं मुश्किल है, मगर होंसला बनना किसिका।
कहनेको बहुत आसान लगेगा, पर ताकत बनके रहना किसीका।
आंसू तो खैर कम ही बार गिर पाएंगे तुम्हारी आंखों से
आंसू तो खैर कम ही बार गिर पाएंगे तुम्हारी आंखों से
तुम हिम्मत देनेवाला कंधा बनना किसी खासका, किसी दोस्त का।
तारीफ करनेवाले बहुत मिल जायेंगे तुम्हे,
तुम अकेले में गलती बतानेवाला ढूंढना।
इतना सब्र हमेशा रखना अपने अंदर,
उस खुदा के भेजे लोगोका इंतजार कर सको।
खुद पर यकीन रखना, दूसरो को भी रास्ता दिखा सको,
कुछ लोग मिलेंगे इस मतलबी सी दुनियामें,
जो तुम्हारी अच्छाई को चुनौती देंगे
तू जकड़कर रखना अपनी रूहको,
और खुद एक रोशनी बन जाना।
यकीन है मुझे तुम टूटोगे बार बार,
शाखो के पत्तो की तरह बिखरकर।
वजूद ही खो बैठोगे कभी कबार।
पर ये जंग ही तो जितनी है “चांद”
आखिर तक जिंदगी जीकर दिखाना है।
By Sejal Parsana

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