मैंने तुम्हें चुपचाप देखा
By Anushka
उस रात, जब घंटों तुमसे मैने चैटिंग किया, तब मैंने तुम्हें ये दिल दे बैठा।
अगले शाम जब तुम्हारी वो तीन शब्दों की मैसेज आई, तब मुझे कुछ ना सुझा और मैंने हाँ कर दिया, तब मैंने तुम्हें ये दिल दे बैठा।
तुम्हारी उस प्यारी मुस्कान पर जब मैने अपने आप को मरते देखा, तब मैंने तुम्हें ये दिल दे बैठा।
पहली बार जब तुमने मेरे हाथ थामा और मेरी रूह को मैंने सिहरते देखा, तब मैंने तुम्हें ये दिल दे बैठा।
जब तुमने मुझे अपने करीब ला कर मुझे चूमा.....तब मैंने तुम्हें ये दिल दे बैठा।
तुम्हारे साथ चिपक कर जब खुद को लम्बे सफर पर जाते देखा, तब मैंने तुम्हें ये दिल दे बैठा।
जब जब तुमने वीडियो कॉल पर मुझे आँख झपकाते हुए देखा और मैंने प्यार से चोरी-चोरी तुम्हें स्क्रीनशॉट लेते देखा, तब मैंने तुम्हें ये दिल दे बैठा।
मैंने तुम्हें चुपचाप देखा, ये दिल तुमसे प्यार कर बैठा।
तुम्हारे साथ मैने खुद को सुरक्षित देखा, तब मैंने तुम्हें ये दिल दे बैठा।
तुम्हारे लबों को जब अपने सर पर चूमते देखा, तब मैंने तुम्हें ये दिल दे बैठा।
तुम्हारी हसी के पीछे जब मैंने ख़ुद को देखा, तब मैंने तुम्हें ये दिल दे बैठा।
तुमने जब जब मेरी खामोशी को समझा, तब मैंने तुम्हें ये दिल दे बैठा।
माँ पार्वती के आशीर्वाद का टीका जब मैंने अपने सिर पर तुम्हारे हाथ से लगते देखा, तब मैंने तुम्हें ये दिल दे बैठा।
तुम्हारे अंदर मैंने खुद को पहचाना, तब मैंने तुम्हें ये दिल दे बैठा।
मुझसे एक दिन बात ना कर के तुम्हारी बेचैनी को मैने देखा, तब मैंने तुम्हें ये दिल दे बैठा।
मेरे मुसकुराहट की वजह हो तुम,
मेरे दर्द को समझने वाले हो तुम,
साथ हमेशा देना क्योंकि,
साथी हो तुम,
मेरे परिवार को अपना समझा इसकी पहचान हो तुम
बस तुम ही तुम.....तुम ही तुम।
दिल धड़कता है तो सिर्फ तुम्हारे लिए,
जहाँ भी हूँ तो बस तुम्हारे लिए
अपने करीब सिर्फ रखना मुझे
क्योंकि प्यार है और रहेगा बस तुमसे मुझको।
By Anushka

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