तेरे होने लगे है
By Vidhi Sharma
कुछ इस तरह तेरे होने लगे है
दिन का चैन रातों की नींद खोने लगे है ,
बिन बात मुस्कुराने की वजह है मिली
जैसे अंधेरी रात में चांदनी हो खिली ,
दिल हर समय तेरी और चलता है
अब इन आंखों में बस तू ही जचता है ,
तू अगर चाहे तो बस तेरी हो जाऊं
छूले तू अगर प्यार से तो तुझमें ही खो जाऊं।
By Vidhi Sharma

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