तेरा असर
Updated: Jun 7, 2023
By Swapna Jyoti
मुझे कुछ हो गया है
या फिर है ये तेरा असर
अब तो तेरी राहें ही हैं मेरी डगर।
बेशक ये बाजी तो मेरी थी
पर सोचा न था दिल हार बैठेंगे
तूने छुआ मैं नई हुई
लबों पे है तेरा ज़िकर
तेरी राहें ही हैं मेरी डगर।
दिल तेरे नाम पे अड़ा है
कोई क्या जाने इसे क्या हुआ है
सांसों में आ…
तुझे महसूस कर लूं
मैं हो जाऊं बेफिकर
तेरी राहें ही हैं मेरी डगर।
बेहद, बेइंतेहा,बेशुमार है चाहत मेरी
एक तू ही तो दुनिया मेरी
किसी शाम सा है किस्सा मेरा
अपना बना के मुझे कर दे सहर
तेरी राहें ही हैं मेरी डगर।
तुझे छू के गुजरने वाली हवा से भी मुझे प्यार है
तेरी हर अदा पे ऐतबार है
मुझे बाहों में भर के रूह से रूह का नाता जोड़ ले
पा लूं मैं खुदको तुझमें कहीं खोकर
तेरी राहें ही हैं मेरी डगर।
तू है मेरी इबादत
मेरी फिजाओं में है तेरी रंगत
तेरे आने से जिंदगी में है आई रौनक
संग तेरे ही बीते हर लम्हें
जबतक साथ तेरा हो तबतक रहे उमर
तेरी राहें ही हैं मेरी डगर।
मेरी हसरतें हैं प्यासी
मिले इनका हिसाब कर
तेरी दुनिया बनूं
इतना हक तो दे
नज़रें मिला जरा देख तो इधर
तेरी राहें ही हैं मेरी डगर।
मुझे कुछ हो गया है
या फिर है ये तेरा असर
अब तो तेरी राहें ही हैं मेरी डगर।
By Swapna Jyoti

Comments